*सील पत्थर से पति की हत्या कर शव सूटकेस में छिपाकर पत्नी हो गई थी फरार, कोर्ट ने दी उम्रकैद*
*सील पत्थर से पति की हत्या कर शव सूटकेस में छिपाकर पत्नी हो गई थी फरार, कोर्ट ने दी उम्रकैद*
*सील पत्थर से पति की हत्या कर शव सूटकेस में छिपाकर पत्नी हो गई थी फरार, कोर्ट ने दी उम्रकैद*
कुनकुरी कोर्ट का फैसला, वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर दोष सिद्ध; अदालत बोली- ऐसे अपराध पर नरमी नहीं
लोक सीजी न्यूज / जशपुर 30 जुलाई 2026 :-जशपुर जिले के चर्चित संतोष भगत हत्याकांड में द्वितीय अपर सत्र न्यायालय, कुनकुरी ने आरोपी पत्नी मंगरीता भगत (45) को पति की हत्या और साक्ष्य मिटाने का दोषी ठहराते हुए सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायाधीश बलराम कुमार देवांगन ने कहा कि ऐसे जघन्य अपराध समाज और पारिवारिक मूल्यों के लिए गंभीर चुनौती हैं, जिन पर किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जा सकती।
अभियोजन के अनुसार 7 नवंबर 2025 की रात घरेलू विवाद के दौरान मंगरीता ने मसाले पीसने वाले सील-पत्थर से पति संतोष भगत के सिर पर वार कर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद उसने शव को ट्रॉली सूटकेस में छिपाकर खून के निशान मिटाने का प्रयास किया। दो दिन बाद परिजनों ने घर का ताला तोड़कर सूटकेस में शव देखा और पुलिस को सूचना दी।
मामले की जांच में एफएसएल रिपोर्ट, पोस्टमार्टम, जब्त सामग्री और डिजिटल साक्ष्यों ने आरोपी के खिलाफ मजबूत परिस्थितिजन्य साक्ष्य प्रस्तुत किए। अपर लोक अभियोजक श्रीमती पुष्पा सिंह की प्रभावी पैरवी के आधार पर अदालत ने आरोपी को बीएनएस की धारा 103(1) के तहत आजीवन कारावास और अर्थदंड तथा धारा 238(क) के तहत साक्ष्य मिटाने के अपराध में तीन वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई।


